संदेश

Umeed Portal All india muslim personnal law board Shalini kaushik law classes लेबल वाली पोस्ट दिखाई जा रही हैं

उम्मीद पोर्टल निलंबन याचिका -तत्काल सुनवाई से इंकार

चित्र
    ( shalini kaushik law classes) सुप्रीम कोर्ट ने 22 अगस्त को केंद्र सरकार द्वारा वक्फ, जिसमें वक्फ-बाय-यूजर भी शामिल हैं, के ऑनलाइन पंजीकरण के लिए शुरू किए गए 'उमीद पोर्टल' के निलंबन की मांग वाली याचिका की तत्काल सुनवाई से इनकार कर दिया और कहा कि - "वक्फ संशोधन अधिनियम चुनौती में विचार करेंगे. "     चीफ जस्टिस बीआर गवई ने मौखिक रूप से कहा कि-  "कोर्ट इस मुद्दे पर वक्फ (संशोधन) अधिनियम, 2025 के संचालन को स्थगित करने की याचिका पर अपने लंबित फैसले में विचार करेगा।"  उन्होंने एडवोकेट शाहरुख आलम से कहा,  “आप पंजीकरण कराएं, कोई भी आपको पंजीकरण से मना नहीं कर रहा है... हम उस हिस्से पर विचार करेंगे।” आभार 🙏👇 प्रस्तुति  शालिनी कौशिक  एडवोकेट  कैराना (शामली )

'उम्मीद पोर्टल पर लगाई जाए रोक-मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड

चित्र
( shalini kaushik law classes) ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड द्वारा सुप्रीम कोर्ट में एक याचिका दायर कर उम्मीद पोर्टल को निलंबित किये जाने की मांग की गई है. ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड द्वारा वक्फ एक्ट 2025 को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुनवाई पूरी होने तक सुप्रीम कोर्ट में एक रिट याचिका दाखिल कर उम्मीद पोर्टल को निलंबित करने की मांग की है.बोर्ड ने याचिका दाखिल कर सुप्रीम कोर्ट से मांग की है कि    " या तो पोर्टल पर रोक लगाई जाए या केंद्र सरकार को उसका अधिसूचना वापस लेने का निर्देश दिया जाए।"      बोर्ड के राष्ट्रीय प्रवक्ता डॉ. एस. क्यू. आर. इलियास ने कहा कि  " बार-बार अपील करने के बावजूद सरकार ने 6 जून को उम्मीद पोर्टल शुरू कर दिया और वक्फ संपत्तियों के पंजीकरण को अनिवार्य बना दिया। बोर्ड इस कदम को “गैरक़ानूनी” और “अदालत की अवमानना” करार देता है. " ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड ने कोर्ट में याचिका दायर करते हुए कहा है कि,   “यह मुतवल्लियों पर अवैध दबाव डालता है और सुप्रीम कोर्ट में मांगी गई राहतों को प्रभावित करता है।”   ऑल इ...