बार एसोसिएशन की वित्तीय अनियमितता है बार फंड का ये उपयोग

 


चुनी हुई कार्यकारिणी बार एसोसिएशन द्वारा समाचार पत्र में बार फंड (Bar Fund) का उपयोग करते हुए शुभकामना संदेश प्रकाशित कराना कानूनी और नैतिक रूप से सही नहीं माना जाता है और यह वित्तीय अनियमितता के दायरे में आ सकता है।

➡️ इस विषय को कानूनी, नैतिक और बार काउंसिल के नियमों के दृष्टिकोण से निम्नलिखित बिंदुओं के माध्यम से समझा जा सकता है:

1️⃣ बार फंड का वैधानिक उद्देश्य (Purpose of Bar Fund)

बार एसोसिएशन का फंड मुख्य रूप से वकीलों के कल्याण, बार लाइब्रेरी के रखरखाव, कानूनी सहायता, चैंबर सुविधाओं और एसोसिएशन के प्रशासनिक कार्यों के लिए होता है। समाचार पत्र में व्यक्तिगत या कार्यकारिणी के नाम से शुभकामना संदेश (जैसे त्योहारों या जीत की बधाई) छपवाना एसोसिएशन का कोई आवश्यक या वैधानिक कार्य नहीं है।

2️⃣ . बार काउंसिल ऑफ इंडिया (BCI) के विज्ञापन संबंधी नियम-नियम 36 (Rule 36): 

बार काउंसिल ऑफ इंडिया के नियमों (Bar Council of India Rules) के भाग VI, अध्याय II के नियम 36 के तहत भारत में वकीलों को प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से विज्ञापन करने या काम मांगने की सख्त मनाही है।यद्यपि शुभकामना संदेश सीधे तौर पर केस या मुवक्किल (Client) मांगने जैसा नहीं दिखता, लेकिन समाचार पत्र में कार्यकारिणी के पदाधिकारियों के नाम और पद के साथ फोटो या संदेश छापना अप्रत्यक्ष विज्ञापन (Indirect Advertisement) के दायरे में आ सकता है, जिसे बीसीआई (BCI) अनैतिक मानता है।

3️⃣ . ट्रस्टीशिप और वित्तीय जवाबदेही (Fiduciary Duty)

बार एसोसिएशन की कार्यकारिणी फंड की मालिक नहीं, बल्कि ट्रस्टी (न्यासी) होती है।सदस्यों द्वारा दिए गए चंदे (Subscription Fees) या कोर्ट स्टैंप से एकत्रित फंड का उपयोग केवल उसी उद्देश्य के लिए किया जा सकता है जो बार एसोसिएशन के संविधान या उप-नियमों (By-laws) में दर्ज हो। साधारण सभा (General Body) की विशेष अनुमति के बिना इस प्रकार के गैर-जरूरी प्रचार कार्यों पर सार्वजनिक धन खर्च करना 'फंड का दुरुपयोग' (Misappropriation of Fund) माना जा सकता है।

4️⃣ न्यायालयों का रुख:

विभिन्न मामलों में उच्च न्यायालयों और सर्वोच्च न्यायालय ने स्पष्ट किया है कि बार एसोसिएशनों को अपनी वित्तीय पारदर्शिता बनाए रखनी चाहिए। बार के पैसों का उपयोग पदाधिकारियों की व्यक्तिगत ब्रांडिंग या राजनीतिक लाभ के विज्ञापनों के लिए करना बार के मूल सिद्धांतों के खिलाफ है।

निष्कर्ष और सही तरीका:

बार एसोसिएशन द्वारा इस तरह के विज्ञापन उन अधिवक्ताओं के जो कार्यकारिणी मे चयनित हुए हैं, के प्रचार के रूप में मानी जा सकती है क्योंकि जो भी आम जनता अधिवक्ताओं के समाचार पत्र में इस तरह से विज्ञापन देखते हैं वे उन्हें न्यायालयों में विशेष दर्जा प्राप्त अधिवक्ता के रूप में सोचते हैं और ऐसे में अपना कार्य लेकर, भले ही उनमें कोई विशेष योग्यता न हो, कचहरी में आकर उन अधिवक्ताओं के नाम व फोटो दिखाकर उनके पास ही पहुंचते हैं इसलिए ऐसे में बार एसोसिएशन की कार्यकारिणी द्वारा बार फंड का प्रयोग कर शुभकामना संदेश प्रकाशित कराना बार एसोसिएशन की वित्तीय अनियमितता के अंतर्गत माना जाएगा. ऐसे में यदि कार्यकारिणी या उसके पदाधिकारी समाचार पत्र में शुभकामना संदेश देना ही चाहते हैं, तो उन्हें बार एसोसिएशन के फंड का उपयोग करने के बजाय अपनी व्यक्तिगत जेब से (Contri/Personal Pocket) भुगतान करना चाहिए। बार फंड का उपयोग करके ऐसा विज्ञापन प्रकाशित कराना वित्तीय ऑडिट (Audit) में आपत्ति का कारण बन सकता है और एसोसिएशन के सामान्य सदस्य इस पर कानूनी सवाल उठा सकते हैं।

द्वारा 

शालिनी कौशिक 

एडवोकेट 

कैराना (शामली) 

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